कर्नल बैंसला की कहानी के दिलचस्प किस्से पार्ट -1

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कर्नल की कहानी के दिलचस्प किस्से……
#पार्ट:-1

नाम- कर्नल किरोड़ी सिंह बैंसला
पिता का नाम -श्री बच्चू सिंह बैसला
पत्नी का नाम -स्वर्गीय श्रीमती रेशम देवी गुर्जर
संतान एक लड़की और तीन लड़के है
1⃣- सुनीता बैसला ( पुत्री )प्रिंसिपल कमिश्नर इनकम टैक्स जयपुर
2⃣- दौलत सिंह बैसला( बेटा) ब्रिगेडियर भारतीय थल सेना
3⃣- जय सिंह बैंसला (बेटा) डीआईजी असम राइफल
4⃣- विजय बैसला ( बेटा )विदेश में इंजीनियरिंग सेवा को छोड़कर राजनीति
जन्म तिथि -12 सितंबर 1939
पता – गांव मुड़िया तहसील टोडाभीम जिला करौली (राजस्थान)
जीवन परिचय- 
कर्नल किरोड़ी सिंह बैंसला का जन्म राजस्थान के करौली जिले के मुंडिया गांव में बच्चू सिंह बैसला के घर 1939 में जन्म हुआ था उनकी प्रारंभिक शिक्षा गांव में ही हुई इसके बाद वह भरतपुर और जयपुर के महाराजा कॉलेज में पढ़ाई की
इसके बाद उनकी प्रथम सर्वेश महुआ में अंग्रेजी व्याख्याता के पद पर लगी और वह 2 साल व्याख्याता के पद पर नौकरी करने के बाद भारतीय सेना में भर्ती हुए
इसके बाद वह भारतीय सेना में कर्नल के पद से रिटायर हुए और 1971 भारत पाक युद्ध में भी इन्होंने भाग लिया और युद्धबंदी भी रहे
1991 में भारतीय सेना से सेवानिवृत्त होने के बाद 1994 में उनकी धर्मपत्नी ग्राम पंचायत मुड़िया की सरपंच बनी इसके बाद 1996 में उनकी धर्मपत्नी की मृत्यु हो गई और उस दौरान राजस्थान में गुर्जर समाज अनुसूचित जनजाति के आरक्षण की मांग को लेकर लामबंद हो रहा था उन्होंने लगभग 300 गांव में मीटिंग करके जन जागरण का कार्य किया और उनको दौसा जिले के ग्राम पीपलखेडा में 2005 में गुर्जर आरक्षण संघर्ष समिति का संयोजक बनाया गया इस दौरान उन्होंने गुर्जर समाज को न केवल विश्व के मानचित्र पर प्रदर्शित किया बल्कि राजस्थान में गुर्जरों को आरक्षण दिलवाने की मुहिम को तेज किया इसके बाद बार-बार राज्य सरकार से समझौता और आंदोलन कर उन्होंने राजस्थान के गुर्जरों को विशेष पिछड़ा वर्ग का 5% आरक्षण दिलवाया और वह मुहिम आज तक निरंतर जारी है कर्नल बैसला ने गुर्जर समाज को आजादी के बाद पुनः जीवित कर आधुनिक परिवेश में 21वीं सदी में अन्य समाजों के बराबर खड़ा करने का कार्य किया है
सामाजिक उद्देश्य-
कर्नल किरोड़ी सिंह बैसला गुर्जर समाज मैं शिक्षा को लेकर जन जागरण का कार्य कर रहे हैं उन्होंने गुड हेल्थ गुड एजुकेशन का नारा देकर गांवो में अंग्रेजी शिक्षा को बढ़ावा देने पर जागृति पैदा करने का कार्य निरंतर रूप से कर रहे हैं मैं भगवान श्री देवनारायण से उनके दीर्घायु होने की कामना करता हूं

……..अगले पार्ट का इंतजार करें। 😊🙏

         राइटर गुर्जर गोपाल सिंह बस्सी 

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